सीएम योगी : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर अपनी बेबाक अंदाज में सांसद रवि किशन पर हल्की-फुल्की चुटकी ली है। बुधवार को गोरखपुर के मदन मोहन मालवीय प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (MMMUT) में 144 बेड वाले बालिका छात्रावास के भूमि पूजन और शिलान्यास समारोह के दौरान सीएम योगी ने कहा कि अगला चुनाव आने पर रवि किशन की सीट पर महिला की दावेदारी भी हो सकती है।
यह बयान न सिर्फ हंसी-मजाक का विषय बना, बल्कि राजनीतिक गलियारों में चर्चा का केंद्र भी बन गया। सीएम योगी ने स्पष्ट किया कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम संसद से पास हो चुका है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इच्छा है कि 2029 के लोकसभा चुनाव में यह लागू हो जाए।

सीएम योगी का पूरा बयान क्या था?
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, “मैं मानता हूं कि जब अगला चुनाव आएगा तो रवि किशन की सीट पर भी कोई महिला दावेदार हो सकती है। देखिए, लोग चाहते हैं कि आपसे छुट्टी मिल जाए।”
- फिर उन्होंने तुरंत स्पष्ट किया कि रवि किशन की सीट पर कोई असर नहीं पड़ेगा
- क्योंकि महिलाओं के लिए अतिरिक्त सीटें बन जाएंगी। यह बयान नारी शक्ति वंदन
- अधिनियम (Women’s Reservation Bill) के संदर्भ में आया, जिसके तहत
- लोकसभा और विधानसभाओं में महिलाओं को एक तिहाई आरक्षण मिलेगा।
रवि किशन, जो गोरखपुर लोकसभा सीट से भाजपा सांसद हैं और खुद एक लोकप्रिय भोजपुरी अभिनेता हैं, इस मजाक पर मुस्कुराते नजर आए। सीएम योगी अक्सर रवि किशन पर हल्के-फुल्के तंज कसते रहते हैं, जो उनकी पारंपरिक दोस्ती का हिस्सा माना जाता है।
नारी शक्ति वंदन अधिनियम: महिलाओं को मिलेगा बड़ा आरक्षण
- नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 में संसद से पास हुआ था। इसके लागू होने के बाद
- लोकसभा की 543 सीटों में से लगभग 181 सीटें महिलाओं के लिए आरक्षित हो जाएंगी।
- सीएम योगी ने इस मौके पर कहा कि प्रधानमंत्री मोदी की मंशा है कि 2029 के चुनाव में यह प्रावधान अमल में आ जाए।
- उत्तर प्रदेश में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने पर जोर देते हुए योगी आदित्यनाथ ने बताया
- कि 2017 से पहले प्रदेश में कामकाजी महिलाओं का प्रतिशत मात्र 12 फीसदी था
- जो अब बढ़कर 36 फीसदी हो चुका है। उन्होंने कहा कि अब यूपी में “उपद्रव नहीं, उत्सव” का माहौल है।
सीएम ने कार्यकर्ताओं को नसीहत देते हुए कहा कि पुराने समय के उन लोगों को मुद्दा बनाने का मौका न दें, जिन्होंने प्रदेश को दंगों की आग में झोंका था और पहचान को मोहताज कर दिया था। “विरोधियों का मोहरा न बनें”, यह चेतावनी उन्होंने साफ शब्दों में दी।
कार्यक्रम का फोकस: महिला शिक्षा और सशक्तिकरण
- यह कार्यक्रम महिलाओं के सशक्तिकरण पर केंद्रित था। सीएम योगी ने पॉवरग्रिड
- कॉर्पोरेशन की मदद से बनने वाले 144 बेड वाले गर्ल्स हॉस्टल का भूमि पूजन किया।
- वैदिक मंत्रोच्चार के बीच उन्होंने ईंट रखी, शिलान्यास पट्टिका अनावरण किया और पौधरोपण भी किया।
- उन्होंने विश्वविद्यालय परिसर में छात्राओं द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया।
- इस मौके पर सांसद रवि किशन शुक्ल, गोरखपुर महापौर डॉ. मंगलेश श्रीवास्तव
- भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष एवं MLC डॉ. धर्मेंद्र सिंह, क्षेत्रीय अध्यक्ष सहजानंद राय और अन्य कई नेता मौजूद रहे।
गोरखपुर में योगी आदित्यनाथ का विकास कार्य
- गोरखपुर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का गढ़ माना जाता है।
- उन्होंने यहां शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और महिला सशक्तिकरण से जुड़े कई बड़े प्रोजेक्ट शुरू किए हैं।
- बालिका छात्रावास का यह प्रोजेक्ट भी लड़कियों की उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
- नारी शक्ति वंदन अधिनियम के लागू होने के बाद कई सीटों पर महिला उम्मीदवारों की चर्चा तेज हो गई है।
- गोरखपुर जैसी महत्वपूर्ण सीट पर भी अगर महिला उम्मीदवार उतरती है
- तो यह भाजपा की महिला सशक्तिकरण नीति का बड़ा उदाहरण साबित हो सकता है।
राजनीतिक विश्लेषण
कुछ लोग इसे रवि किशन के भविष्य को लेकर हल्का संकेत मान रहे हैं, तो कुछ इसे सिर्फ मजाक के रूप में ले रहे हैं। सीएम योगी ने खुद स्पष्ट कर दिया कि अतिरिक्त सीटों के कारण मौजूदा सांसदों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। फिर भी यह बयान सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो गया है।
- 2029 के लोकसभा चुनाव अभी दूर हैं, लेकिन नारी शक्ति वंदन अधिनियम के कारण पूरे
- देश में महिला उम्मीदवारों की तैयारी शुरू हो चुकी है। उत्तर प्रदेश जैसे बड़े राज्य में इसकी खास अहमियत है।
सीएम योगी आदित्यनाथ का यह हल्का-फुल्का बयान महिला सशक्तिकरण की दिशा में भाजपा की प्रतिबद्धता को दोहराता है। गोरखपुर में बालिका छात्रावास का शिलान्यास इसी दिशा में एक ठोस कदम है। चाहे मजाक हो या संकेत, योगी सरकार महिलाओं को मुख्यधारा में लाने के लिए लगातार काम कर रही है।