टाटा स्टील कैपेक्स प्लान : टाटा स्टील के शेयरों ने निवेशकों को खुश कर दिया है। पिछले छह ट्रेडिंग सेशनों में टाटा स्टील शेयर प्राइस में करीब 10.5% की उछाल आई है। बीएसई पर शेयर 186.90 रुपये तक पहुंच गया, जो इसके 52-सप्ताह हाई 187 रुपये (29 अक्टूबर 2025 को छुआ) से बस थोड़ा नीचे है। जनवरी 2026 की शुरुआत में यह रैली और मजबूत हुई है। क्या है इस टाटा स्टील स्टॉक रैली की मुख्य वजहें? आइए विस्तार से समझते हैं।
टाटा स्टील शेयर परफॉर्मेंस: हाल की तेजी
- पिछले छह सेशनों में 10.5% की बढ़ोतरी।
- सोमवार को इंट्राडे में 2.2% की तेजी के साथ 186.90 रुपये का स्तर।
- दिसंबर 30 से स्टील सेक्टर के अन्य शेयर भी 4-6% ऊपर।
- 2025 में टाटा स्टील शेयर ने कुल 30% से ज्यादा रिटर्न दिया है।

यह रैली अचानक नहीं आई। कंपनी के मजबूत फंडामेंटल और पॉलिसी सपोर्ट ने निवेशकों का भरोसा बढ़ाया है।
रैली की मुख्य वजहें
- मैनेजमेंट का पॉजिटिव कमेंट्री: टाटा स्टील के एमडी टीवी नरेंद्रन ने न्यू ईयर एड्रेस में 2025 की चुनौतियों का जिक्र किया, लेकिन घरेलू बाजार में विस्तार और कैपेक्स प्लान पर जोर दिया। कंपनी का घरेलू बिजनेस ग्लोबल प्राइस प्रेशर से इंसुलेटेड है, जिससे फाइनेंशियल परफॉर्मेंस बेहतर हो रही है।
- सेफगार्ड ड्यूटी का एक्सटेंशन: सरकार ने फ्लैट स्टील प्रोडक्ट्स पर सेफगार्ड ड्यूटी को तीन साल के लिए बढ़ाया है – पहला साल 12%, दूसरा 11.5%, तीसरा 11%। इससे सस्ते आयात (खासकर चीन से) पर लगाम लगेगी। चीन सालाना 100 मिलियन टन से ज्यादा स्टील एक्सपोर्ट करता है, जो भारत की कुल प्रोडक्शन के बराबर है। यह ड्यूटी घरेलू स्टील कंपनियों को प्रोटेक्ट करेगी।
- क्षमता विस्तार और कैपेक्स:
- कालिंगनगर प्लांट: 3 एमटी से 8 एमटी।
- मेरामंडली: 5.2 एमटी।
- नीलाचल: 1 एमटी से 4 एमटी।
- लुधियाना ऑपरेशंस मार्च तक शुरू।
- कॉम्बी मिल और टिनप्लेट एक्सपैंशन पर 2000-2000 करोड़ रुपये का कैपेक्स।
- घरेलू डिमांड मजबूत: ग्लोबल हेडविंड्स जैसे चीनी एक्सपोर्ट और यूरोपीय ऑपरेशंस पर इंपोर्ट ड्यूटी के बावजूद, भारत में डिमांड मजबूत है। 2025 में स्टील प्राइस पांच साल के निचले स्तर पर थे, लेकिन अब रिकवरी के संकेत हैं।
टाटा स्टील vs अन्य स्टील स्टॉक्स
स्टील सेक्टर में भी तेजी देखी गई। जेएसडब्ल्यू स्टील, सेल, जिंदल स्टील जैसे शेयरों में 4-6% की बढ़ोतरी हुई। लेकिन टाटा स्टील की रैली सबसे आकर्षक रही, क्योंकि कंपनी की घरेलू फोकस और एक्सपैंशन प्लान सबसे मजबूत हैं।
आगे क्या? टाटा स्टील शेयर टारगेट और आउटलुक
- एनालिस्ट्स का मानना है कि सेफगार्ड ड्यूटी और कैपेक्स से मार्जिन सुधरेंगे।
- घरेलू स्टील इंडस्ट्री को सपोर्ट मिलेगा। हालांकि ग्लोबल प्राइस और चीन के एक्सपोर्ट पर नजर रखनी होगी।
लॉन्ग टर्म निवेशकों के लिए टाटा स्टील एक अच्छा ऑप्शन लग रहा है। अगर आप टाटा स्टील शेयर खरीदें या नहीं, यह आपके रिस्क प्रोफाइल पर निर्भर करता है। लेकिन मौजूदा रैली से साफ है कि निवेशक कंपनी के फ्यूचर पर भरोसा कर रहे हैं।