ट्रेंट शेयर : टाटा ग्रुप की रिटेल कंपनी ट्रेंट लिमिटेड (Trent Ltd) के शेयरों में 6 जनवरी 2026 को भारी गिरावट देखी गई। कंपनी के तीसरी तिमाही (Q3 FY26) के बिजनेस अपडेट के बाद शेयर 8% तक गिरकर ₹4,060 के स्तर पर पहुंच गए। यह गिरावट सENSEX और Nifty के टॉप लूजर्स में शामिल हुई, जिससे कंपनी की मार्केट कैप में शुरुआती मिनटों में ही ₹13,000 करोड़ से ज्यादा का नुकसान हुआ। हालांकि रेवेन्यू में 17% की ग्रोथ दर्ज की गई, लेकिन यह ब्रोकरेज अनुमानों से कम रही और सीक्वेंशियल ग्रोथ फ्लैट रहने से निवेशकों में निराशा फैली।
ट्रेंट Q3 FY26 रिजल्ट्स: मुख्य आंकड़े
#ट्रेंट ने Q3 में स्टैंडअलोन रेवेन्यू ₹5,220 करोड़ रिपोर्ट किया, जो पिछले साल की समान तिमाही के ₹4,466 करोड़ से 17% ज्यादा है। हालांकि, यह ग्रोथ Q2 FY26 की 17% ग्रोथ के बराबर रही, यानी सीक्वेंशियल रूप से कोई सुधार नहीं हुआ।

- नौ महीनों (अप्रैल-दिसंबर 2025) का रेवेन्यू: ₹14,604 करोड़, जो YoY 18% बढ़ा।
- ग्रोथ मुख्य रूप से स्टोर एक्सपैंशन से आई, स्टोर काउंट में 28% YoY बढ़ोतरी।
- लेकिन प्रति स्टोर रेवेन्यू में 11% YoY गिरावट, जो कैनिबलाइजेशन
- (नए स्टोर्स से पुराने स्टोर्स की सेल्स प्रभावित) का संकेत है।
कंपनी ने इस तिमाही में 17 नए वेस्टसाइड स्टोर्स और 48 नए जूडियो स्टोर्स खोले। कुल स्टोर्स अब: 278 वेस्टसाइड, 854 जूडियो (4 UAE में शामिल) और 32 अन्य लाइफस्टाइल कॉन्सेप्ट्स। जूडियो की एक्सपैंशन तेज रही, लेकिन डिमांड मॉडरेट होने और हाई बेस इफेक्ट से ग्रोथ पर दबाव पड़ा।
शेयर प्राइस में गिरावट के मुख्य कारण
- ब्रोकरेज अनुमानों से चूक: Motilal Oswal ने 20% ग्रोथ का अनुमान लगाया था
- जबकि Citi का 15.3% था (जिसे बीट किया गया लेकिन ओवरऑल सेंटिमेंट नेगेटिव)।
- सम-स्टोर सेल्स ग्रोथ (SSSG) कमजोर और प्रति स्क्वायर फुट रेवेन्यू में गिरावट।
- हालिया रन-अप: दिसंबर 2025 से शेयर ~9% चढ़े थे, ग्रोथ पिकअप की उम्मीद पर।
- पिछले प्रदर्शन: एक साल में शेयर 41% से ज्यादा गिर चुके, छह महीनों में 25% डाउन। हालांकि पांच साल में 492% रिटर्न दिया।
6 जनवरी को शेयर करीब ₹4,101-4,060 के आसपास ट्रेड कर रहे थे, जो पिछले क्लोजिंग से 7-8% कम है।
ब्रोकरेज ओपिनियन: मिक्स्ड व्यू
ब्रोकरेज हाउस की राय मिली-जुली है:
- Motilal Oswal: ग्रोथ अनुमान से कम, निकट भविष्य में अर्निंग्स डाउनग्रेड संभव। फिर भी ‘Buy’ रेटिंग बरकरार।
- Antique Stock Broking: टारगेट प्राइस ₹5,700 (पहले ₹6,650), ‘Buy’ मेंटेन। लॉन्ग टर्म में कंपटीशन हैंडल करने की क्षमता।
- Morgan Stanley: ग्रोथ इन-लाइन लेकिन कंपटीशन और कमजोर रेवेन्यू पर स्क्वायर फुट से सतर्क। ‘Sell’ रेटिंग, टारगेट ₹4,350।
- HDFC Securities: ‘Add’ में अपग्रेड, टारगेट ₹4,700। मजबूत फ्रैंचाइजी
- फ्यूचर SSSG और एक्सपैंशन पॉजिटिव। वैल्युएशन में 50% कटौती के बाद आकर्षक।
- लॉन्ग टर्म में जूडियो और वेस्टसाइड जैसे ब्रांड्स की मजबूती पर भरोसा
- लेकिन शॉर्ट टर्म में डिमांड स्लोडाउन और अर्निंग्स रिवीजन से प्रेशर रहेगा।
ट्रेंट का बिजनेस ओवरव्यू
ट्रेंट टाटा ग्रुप की प्रमुख रिटेल कंपनी है, जो वेस्टसाइड (प्र्रीमियम फैशन) और जूडियो (वैल्यू फैशन) जैसे पॉपुलर ब्रांड्स चलाती है। जूडियो की तेज एक्सपैंशन ने कंपनी को युवा कस्टमर्स के बीच हिट बनाया है, लेकिन बढ़ती कंपटीशन (Reliance, Aditya Birla आदि) और इकोनॉमिक स्लोडाउन से चैलेंजेस बढ़े हैं।
निवेशकों के लिए सलाह: अगर लॉन्ग टर्म इन्वेस्टर हैं तो डिप में मौका हो सकता है, लेकिन शॉर्ट टर्म में वोलेटिलिटी रहेगी। हमेशा अपनी रिसर्च या फाइनेंशियल एडवाइजर से सलाह लें।
ट्रेंट शेयर की यह गिरावट रिटेल सेक्टर की चुनौतियों को दर्शाती है, लेकिन कंपनी की फंडामेंटल्स मजबूत हैं। आगे Q4 रिजल्ट्स और बजट 2026 पर नजर रखें!